बिहार की राजधानी पटना के बिहटा थाना क्षेत्र से सामने आए एक वायरल वीडियो ने एक बार फिर पुलिस की कार्यशैली को कटघरे में खड़ा कर दिया है। सड़क विवाद को सुलझाने पहुंची पुलिस टीम उस समय खुद विवादों में घिर गई, जब मौके पर मौजूद एक महिला दरोगा का व्यवहार कैमरे में कैद हो गया। वीडियो में महिला अधिकारी एक युवक को थप्पड़ मारते हुए और उसे धमकाते हुए नजर आ रही हैं, जिससे कानून व्यवस्था बनाए रखने वाली पुलिस की भूमिका पर गंभीर सवाल उठने लगे हैं।
बताया जा रहा है कि रास्ते को लेकर दो पक्षों के बीच विवाद की सूचना पर बिहटा थाना की पुलिस मौके पर पहुंची थी। उद्देश्य विवाद को शांत कर स्थिति को नियंत्रण में लेना था, लेकिन प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार बहस के दौरान महिला दरोगा अपना संयम खो बैठीं। वायरल वीडियो में स्पष्ट रूप से देखा जा सकता है कि तीखी नोकझोंक के बीच वह युवक को थप्पड़ मार देती हैं और उसे चेतावनी भरे लहजे में चुप रहने को कहती हैं। युवक भी बिना डरे पुलिस से बहस करता नजर आता है, जिससे स्थिति और तनावपूर्ण हो जाती है।
वीडियो का एक और दृश्य पुलिस विभाग के लिए असहज करने वाला साबित हो रहा है। घटनास्थल पर मौजूद एक होमगार्ड जवान ड्यूटी के दौरान खुलेआम खैनी बनाते हुए दिखाई देता है। सार्वजनिक स्थान पर, वह भी विवाद की स्थिति में, इस तरह का आचरण न केवल नियमों का उल्लंघन माना जा रहा है, बल्कि इससे पुलिस बल की छवि को भी नुकसान पहुंचता दिख रहा है।
यह घटना ऐसे समय सामने आई है, जब राज्य सरकार और वरिष्ठ पुलिस अधिकारी “पीपुल फ्रेंडली पुलिसिंग” की बात कर रहे हैं। हाल के दिनों में उपमुख्यमंत्री सम्राट चौधरी समेत कई जनप्रतिनिधि पुलिसकर्मियों को जनता के प्रति संयम, संवेदनशीलता और संवाद के जरिए समस्याएं सुलझाने की नसीहत देते रहे हैं। लेकिन बिहटा की यह तस्वीर उन दावों के बिल्कुल विपरीत नजर आती है।
पिछले कुछ समय में डॉक्टरों, आम नागरिकों और विभिन्न वर्गों के साथ पुलिस के कथित दुर्व्यवहार के कई मामले सामने आ चुके हैं, जिससे आम लोगों के बीच नाराजगी बढ़ती जा रही है। इस ताजा घटना ने उस असंतोष को और हवा दे दी है।
मामले पर प्रतिक्रिया देते हुए बिहटा थाना अध्यक्ष ने कहा कि सोशल मीडिया पर वायरल वीडियो पूरी घटना का केवल एक हिस्सा है। उन्होंने यह भी स्वीकार किया कि किसी भी परिस्थिति में किसी नागरिक पर हाथ उठाना उचित नहीं है। थाना अध्यक्ष के अनुसार, वीडियो की जांच कराई जाएगी और जांच के बाद जो भी तथ्य सामने आएंगे, उसके आधार पर आगे की कार्रवाई तय की जाएगी।
फिलहाल यह मामला पुलिस की कार्यशैली, जवाबदेही और जनता के साथ व्यवहार को लेकर एक बड़ी बहस का कारण बन गया है, जिस पर अब सबकी नजरें जांच और संभावित कार्रवाई पर टिकी हैं।